Quotes

Audio

Read

Books


Write

Sign In

We will fetch book names as per the search key...

पुरवाई (Puravai)

By नवजोत कौर (Navjot Kaur)


GENRE

Poetry

PAGES

96

ISBN

9789360702724

PUBLISHER

StoryMirror

PAPERBACK ₹249 E-BOOK ₹125
Rs. 249
Best Price Comparison
Seller Price
StoryMirror Best price ₹249
Amazon Price not available
Flipkart Price not available
Prices on other marketplaces are indicative and may change.
ADD TO CART



About the Book

पुरवाई एक संवेदनशील और भावनात्मक कविता संग्रह है, जो प्रेम, विरह, उम्मीद और आत्मअनुभूति के विभिन्न रंगों को बेहद सौम्य भाषा में प्रस्तुत करता है। ‘पुरवाई’—पूरब से बहने वाली वह हवा—यहाँ भावनाओं का प्रतीक है, जो मन के भीतर छुपे एहसासों को धीरे-धीरे जगाती है।

यह संग्रह तीन भावनात्मक चरणों में बँटा है—बसंत, सावन, और पतझड़—जो प्रेम की शुरुआत, उसकी गहराई और अधूरेपन की पीड़ा को दर्शाते हैं। कविताएँ कभी प्रकृति से संवाद करती हैं, तो कभी भीतर के अकेलेपन, इंतज़ार और स्मृतियों को शब्द देती हैं।

सरल लेकिन असरदार हिंदी-उर्दू मिश्रित भाषा में लिखी ये रचनाएँ पाठक को अपने अनुभवों से जोड़ लेती हैं। पुरवाई उन सभी के लिए है जो कविता में सिर्फ शब्द नहीं, बल्कि अपने जज़्बात ढूँढते हैं।


About the Author

नवजोत कौर एक संवेदनशील कवयित्री हैं, जिनकी रचनाएँ प्रेम, प्रकृति और मानवीय भावनाओं की गहराई को सहजता से अभिव्यक्त करती हैं। उनकी कविताओं में जीवन के छोटे-छोटे अनुभव बड़े भावनात्मक विस्तार के साथ उभरते हैं।

हिंदी और उर्दू के सुंदर मेल से सजी उनकी लेखनी सरल होते हुए भी गहन प्रभाव छोड़ती है। पुरवाई उनका प्रथम कविता संग्रह है, जिसमें उन्होंने अपने भीतर बहती भावनाओं को शब्दों का रूप दिया है। उनकी कविताएँ पाठक को ठहरने, महसूस करने और खुद से जुड़ने का अवसर देती हैं।






You may also like

Ratings & Reviews

Be the first to add a review!
Select rating
 Added to cart